छिन्दवाड़ा/23 जनवरी 2025/ छिंदवाड़ा जिले के विकासखंड जुन्नारदेव के ग्राम माली की निवासी श्रीमती सविता भारती, जो भारिया जनजाति से संबंध रखती हैं, ने अपने दृढ़ निश्चय, मेहनत और शासन की कल्याणकारी योजनाओं का सही उपयोग करके अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ किया है। उनकी यह सफलता समाज के लिए प्रेरणादायक उदाहरण है।
मुख्यमंत्री दुधारू पशु प्रदाय योजना के तहत श्रीमती सविता को मुर्रा नस्ल की दो भैंसें प्रदान की गईं। यह योजना पशुपालन विभाग द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के परिवारों को सशक्त बनाने के उद्देश्य से चलाई जाती है। इन भैंसों से प्रतिदिन 13 लीटर दूध प्राप्त होता है, जिसके माध्यम से उन्हें प्रति माह लगभग 23,000 रुपये की आय हो रही है। इस आय से उन्होंने न केवल अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाया है, बल्कि अपने बच्चों की शिक्षा और पोषण का भी विशेष ध्यान रखा है।
श्रीमती सविता अपने परिवार की पोषण संबंधी जरूरतों के लिए एक लीटर दूध घर पर रखती हैं और शेष दूध बेचकर आय अर्जित करती हैं। उनके अनुसार, इस योजना ने उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर दिया और जीवन को नई दिशा दी। वे कहती हैं कि सपनों को साकार करने के लिए दृढ़ निश्चय और मेहनत ही सबसे बड़ा माध्यम है। अधिकारियों के सही मार्गदर्शन और शासन की योजनाओं का लाभ उठाकर जीवन को बदला जा सकता है।
उनकी इस सफलता के लिए वह शासन-प्रशासन, विशेष रूप से राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, जिला कलेक्टर श्री शीलेन्द्र सिंह और पशुपालन विभाग के अधिकारियों का आभार व्यक्त करती हैं। इन अधिकारियों के प्रयास और समर्पण ने उनके जैसी कई महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर दिया है।
सरकार की इस योजना ने ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों के जीवन स्तर को ऊपर उठाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। पशुपालन विभाग की सक्रियता, प्रशिक्षण और सहयोग ने न केवल आर्थिक मजबूती प्रदान की, बल्कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाकर सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है।
*संवाददाता शुभम सहारे छिंदवाड़ा*